
नई दिल्ली : विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग को लेकर विपक्षी दलों की अहम बैठक से पहले मध्य दिल्ली में लगाए गए पोस्टरों ने राजनीतिक विवाद को हवा दे दी है। पोस्टरों में विपक्ष के कई प्रमुख नेताओं को निशाना बनाते हुए व्यंग्यात्मक टिप्पणियां की गई हैं। विपक्षी दलों ने इन पोस्टरों को भाजपा की ओर से किया गया राजनीतिक हमला करार देते हुए आलोचना की है।
बुधवार को मध्य दिल्ली के विभिन्न हिस्सों में लगाए गए पोस्टरों में कांग्रेस नेता राहुल गांधी, आम आदमी पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल, समाजवादी पार्टी नेता अखिलेश यादव, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, उद्धव ठाकरे, तेजस्वी यादव और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन समेत कई विपक्षी नेताओं की तस्वीरें लगाई गईं। पोस्टरों में इन नेताओं को लेकर व्यंग्यात्मक संदेश दिए गए हैं।
कांग्रेस सांसद मणिक्कम टैगोर ने पोस्टरों को लेकर सोशल मीडिया मंच एक्स पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा कि वह इस तरह के कदम उठाते रहेंगे।
इसी बीच विपक्षी गठबंधन की बैठक में एसआईआर प्रक्रिया और चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों पर आगे की रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग को लेकर संसद के दोनों सदनों में प्रस्ताव लाने के मसौदे पर भी बैठक में विचार किए जाने की बात कही जा रही है। चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों का मुद्दा भी चर्चा में आ सकता है।
इससे एक दिन पहले कांग्रेस कार्यसमिति ने ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग दोहराई थी। कांग्रेस ने एसआईआर प्रक्रिया तत्काल रोकने और मतदाता सूचियों से हटाए गए 13.30 करोड़ नामों को बहाल करने की मांग की थी। पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी सवाल उठाए थे।





